ब्लॉग के माध्यम से मेरा प्रयास है कि मैं अपने विचारों, भावनाओं को अपने पारिवारिक दायित्व निर्वहन के साथ-साथ कुछ सामाजिक दायित्व को समझते हुए सरलतम अभिव्यक्ति के माध्यम से लिपिबद्ध करते हुए अधिकाधिक जनमानस के निकट पहुँच सकूँ। इसके लिए आपके सुझाव, आलोचना, समालोचना आदि का स्वागत है। आप जो भी कहना चाहें बेहिचक लिखें, ताकि मैं अपने प्रयास में बेहत्तर कर सकने की दिशा में निरंतर अग्रसर बनी रह सकूँ|

Monday, November 30, 2015

क्या है तेरे दिल का हाल रे


मिला तेरा प्यारा भरा साथ
हुआ है मेरा दिल निहाल रे
आकर पास तू भी बता जरा
क्या है तेरे दिल का हाल रे

मिला प्यारा हमसफ़र जिंदगी का
दिल ने दिल से नाता जोड़ा रे
जब से प्यार में डूबना सीखा दिल ने
तब से मन ने उदास रहना छोड़ा रे

अब हुआ है दिल पागल प्यार में
तुझसे दूर नहीं कोई दिल का राज रे
अच्छा लगता तेरे प्यार में डूबना
अब तो सूझे नहीं दूजा कोई काज रे

डूबकर लिखूं प्यार भरी पाती
हुआ प्यार से दिल  निहाल रे
उठा कलम तू भी लिख जरा
क्या है तेरे दिल का हाल रे।

वैवाहिक जीवन की 20वीं वर्षगांठ पर सोच रही थी कि क्या लिखूं, तो संदूकची में पड़ी डायरी याद आयी तो उसमें बहुत सी प्रेम पातियाँ निकलती गई। यादें ताजी हुई तो सोचा एक छोटी सी अबोध रचना प्रस्तुत कर दूँ।
 ....कविता रावत



20 comments:

  1. बहुत सुन्दर - बधाई और शुभकामनाएं

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  2. सुन्दर प्रस्तुति! साभार! आदरणीया कविता जी!

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  3. आपकी इस प्रविष्टि् के लिंक की चर्चा कल मंगवार (01-12-2015) को "वाणी का संधान" (चर्चा अंक-2177) पर भी होगी।
    --
    सूचना देने का उद्देश्य है कि यदि किसी रचनाकार की प्रविष्टि का लिंक किसी स्थान पर लगाया जाये तो उसकी सूचना देना व्यवस्थापक का नैतिक कर्तव्य होता है।
    --
    चर्चा मंच पर पूरी पोस्ट नहीं दी जाती है बल्कि आपकी पोस्ट का लिंक या लिंक के साथ पोस्ट का महत्वपूर्ण अंश दिया जाता है।
    जिससे कि पाठक उत्सुकता के साथ आपके ब्लॉग पर आपकी पूरी पोस्ट पढ़ने के लिए जाये।
    हार्दिक शुभकामनाओं के साथ।
    सादर...!
    डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक'

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  4. सुन्दर गीत ........ ..
    वैवाहिक जीवन की 20वीं वर्षगांठ पर हार्दिक बधाई .....

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  5. वाह......बढिया कविता. शुभकामनाएं.

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  6. सुंदर प्रस्तुती...एवं वैवाहिक जीवन की 20वीं वर्षगांठ पर ढेर सारी शुभकामनाएं...कविता जी

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  7. बहुत सुन्दर - वाहिक जीवन की 20वीं वर्षगांठ पर बधाई और शुभकामनाएं

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  8. हार्दिक बधाईयां स्वीकार कीजिये।

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  9. वैवाहिक जीवन यूँ ही आनंद से रहे । शुभकामनाएं । अबोध भावों को प्रस्तुत करती रचना ।

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  10. वैवाहिक जीवन यूँ ही आनंद से रहे । शुभकामनाएं । अबोध भावों को प्रस्तुत करती रचना ।

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  11. डायनामिकबहुत बहुत बधाई आदरणीय कविता जी

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  12. बहुत सुन्दर...हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं !

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  13. बहुत सुन्दर...हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं !

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  14. हार्दिक मंगलकामनाएं आपको !

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  15. बहुत बहुत शुभकामनाएं।

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  16. बहुत सुन्दर, गीतमय अभिव्यक्ति |

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  17. सुन्दर व सार्थक रचना प्रस्तुतिकरण के लिए आभार..
    मेरे ब्लॉग की नई पोस्ट पर आपका इंतजार....

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  18. वाह...
    बेहतरीन अभिव्यक्ति
    सादर

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